कोयलीबेड़ा। महिलाओं को आत्मनिर्भर और आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में एक सराहनीय पहल करते हुए निरामय आरोग्य संस्थान एवं ग्राम पंचायत जिरामतरई के संयुक्त प्रयास से 20 दिवसीय निःशुल्क सिलाई प्रशिक्षण कार्यक्रम की शुरुआत की गई है। जिरामतरई स्थित सिलाई प्रशिक्षण केंद्र में महिलाओं और युवतियों को सिलाई का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जा रहा है।

इस प्रशिक्षण का उद्देश्य महिलाओं को ऐसा कौशल प्रदान करना है, जिससे वे भविष्य में स्वयं का रोजगार शुरू कर सकें और अपने परिवार की आय बढ़ाने में योगदान दे सकें। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को सिलाई मशीन संचालन, कपड़ों की कटिंग, विभिन्न प्रकार के परिधानों की सिलाई तथा आवश्यक तकनीकी जानकारी दी जाएगी।
ग्रामीण क्षेत्रों में आजीविका के सीमित अवसरों को देखते हुए यह पहल महिलाओं के लिए नई संभावनाओं के द्वार खोल रही है। प्रशिक्षण पूरा होने के बाद महिलाएं घर से ही सिलाई कार्य शुरू कर स्वरोजगार स्थापित कर सकती हैं या स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर प्राप्त कर सकती हैं।

महिला सशक्तिकरण केवल आर्थिक स्वतंत्रता तक सीमित नहीं है, बल्कि यह आत्मविश्वास, सम्मान और समाज में उनकी भागीदारी को भी मजबूत करता है। ऐसे कौशल विकास कार्यक्रम ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के साथ-साथ उनके जीवन स्तर में सुधार लाने का प्रभावी माध्यम बन रहे हैं।
निरामय आरोग्य संस्थान का यह प्रयास ग्रामीण महिलाओं को रोजगार से जोड़ने और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। स्थानीय लोगों ने इस पहल की सराहना करते हुए उम्मीद जताई है कि भविष्य में भी इस प्रकार के कौशल विकास कार्यक्रम लगातार आयोजित किए जाएंगे।